नई दिल्ली : गणतंत्र दिवस परेड पर आतंकी हमले की धमकी के बीच फुल ड्रेस रिहर्सल परेड की सुरक्षा को धता बताते हुए डमी आतंकी परेड तक पहुंच गए। सुरक्षा में तैनात पुलिसकर्मी उन्हें पकड़ नहीं पाए। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की ओर से की गई इस मॉक ड्रिल में यह खामी उजागर होने पर पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा ने सभी जवानों को फटकार लगाई और मुस्तैदी से ड्यूटी करने की हिदायत दी है। सुरक्षा एजेंसियां पहले से और अधिक सतर्क हो गई हैं।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि परेड में डमी आतंकी दो बार घुसे थे। दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने समारोह की सुरक्षा को चेक करने के लिए ये डमी आतंकी भेजे थे। 21 जनवरी को परेड की रिहर्सल के दौरान भी दो डमी आतंकी भेजे गए थे जो परेड में घुस गए थे। दिल्ली पुलिस के वरिष्ठ पुलिस सूत्रों का कहना है कि इन डमी आतंकियों को कोई नहीं पकड़ पाया था।
ये दोनों डमी आतंकी सैल्यूट डायस (जनपथ-मानसिंह के बीच, दक्षिणी दिशा की तरफ) तक भी पहुंच गए। खास बात ये है कि इन डमी आतंकियों के पास न तो किसी तरह का पहचान पत्र था और न ही ड्यूटी आदि की कोई पर्ची। इसके बावजूद वहां तक पहुंचना सुरक्षा की बड़ी खामी की ओर इशारा करता है। गणतंत्र दिवस की शुक्रवार को फुल ड्रेस रिहर्सल परेड हुई थी।
स्पेशल सेल ने पांच डमी आतंकी भेजे। इनमें से तीन डमी आतंकी तीन अलग-अलग एंक्लोजर में गए। चौथी डमी आतंकी सैल्यूट डायस की ओर गया। पुलिस सूत्रों का कहना है कि पांच में चार डमी आतंकी पकड़े नहीं गए। ये आतंकी सभी जगह घूम कर आ गए। अब गणतंत्र दिवस समारोह की सुरक्षा में सेंध का ये मामला सुरक्षा व्यवस्था पर उठा रहा है।
समारोह की सुरक्षा में सेंध का मामला संज्ञान में आने पर दिल्ली पुलिस आयुक्त सतीश गोलचा ने 23 जनवरी की शाम ब्रीफिंग के लिए सभी पुलिस अधिकारियों और जवानों को बुलाया। पुलिस आयुक्त ने कहा कि सभी पुलिसकर्मी अपनी ड्यूटी ठीक से व अलर्ट होकर करें।
