धनबाद : झारखंड में आतंक का पर्याय बन चुके वासेपुर का भगोड़ा गैंगस्टर प्रिंस खान का करीबी किशन खान उर्फ तसलीम खान रांची में पकड़ा गया। धनबाद जिले के बरवाअड्डा स्थित विलेज रोड का रहनेवाला किशन काफी समय से रांची में छिपा था। गुप्त सूचना के आधार पर धनबाद पुलिस ने छापेमारी कर उसे गिरफ्तार किया। फिर उसे बरवाअड्डा थाने में लाकर पूछताछ की गई जिसके बाद उसे शुक्रवार को कोर्ट में पेश किया गया। वहां से उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया।
कारोबारियों के फोन नंबर प्रिंस को कराता था उपलब्ध : सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव और डीएसपी हेडक्वार्टर वन शंकर कामती ने पुलिस कार्यालय में बताया कि किशन ने पूछताछ के दौरान प्रिंस खान गैंग में अपनी संलिप्तता कबूल कर ली है। वो जिले के कारोबारियों के फोन नंबर प्रिंस को उपलब्ध कराता है और उनसे रंगदारी की वसूली भी कराता है। वसूली के रुपए हवाला के जरिए प्रिंस को भेजता है इसके अलावा रियल एस्टेट के धंधे में निवेश भी करता है। गैंग में किशन का काम शूटरों को संसाधन उपलब्ध कराना, ठहरने की व्यवस्था और पैसा उपलब्ध कराना भी था।
मोबाइल फोन से पुलिस को कई जानकारियां मिली : कुछ माह पहले बरवाअड्डा में प्रिंस गैंग से जुड़े जमशेदपुर के जो शूटर पकड़े गए थे, उन्हें शेल्टर दिलाने में भी किशन का नाम सामने आया था। किशन के पास से बरामद किए गए मोबाइल फोन से पुलिस को कई जानकारियां मिली हैं। जिसमे प्रिंस के साथ लगातार संपर्क और उससे लेन-देन के अहम साक्ष्य भी मिले हैं। पुलिस और भी कई अन्य साक्ष्य की तलाश कर रही है। संभावना है कि प्रिंस तक रंगदारी के पैसे को हवाला के जरिए पहुंचाने वाले भी जल्द पुलिस के गिरफ्त में होंगे।
जबरन जमीन कब्जाने व फर्जी कागजात बनाकर बेचने का भी धंधा : किशन खान के बारे में पुलिस के सूत्र बताते हैं कि वो बरवाअड्डा क्षेत्र में लोगों को डरा-धमका कर उनकी जमीनों पर कब्जा कर लेता है। सरकारी जमीन पर भी जबरन कब्जा कर लेता है। फिर फर्जी कागजात तैयार करा उसे बेच देता है। किशन के खिलाफ बरवाअड्डा थाने में जमीन विवाद और प्रिंस खान गैंग से जुड़े तीन केस दर्ज हैं।
पूछताछ में गैंग के नेटवर्क, रंगदारी देने वाले कारोबारियों का चल सकेगा पता : किशन को फिलहाल कोर्ट के आदेश के बाद जेल दिया गया है। लेकिन, बरवाअड्डा थाने की पुलिस उसे जल्द रिमांड पर लेने की तैयारी में है। रिमांड पर पूछताछ कर उससे गैंग के नेटवर्क के बारे में जानकारियां हासिल करेगी। पुलिस को उम्मीद है कि पूछताछ से उन व्यवसायियों का भी पता चल सकेगा, जिनके मोबाइल या फोन नंबर उसने प्रिंस खान को उपलब्ध कराए हैं या जिनके रंगदारी वसूली गई है।
