झारखंड : दुबई में फंसे 14 मजदूर सुरक्षित लौटे स्वदेश, स्वास्थ्य मंत्री की पहल पर दूतावास ने दिलाया वेतन

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रांची : दुबई में गंभीर आर्थिक और मानसिक संकट का सामना कर रहे झारखंड के 14 प्रवासी मजदूरों को आखिरकार राहत मिल गई है। आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी होने के बाद सभी मजदूर सुरक्षित रूप से अपने गृह राज्य झारखंड लौट आए।

कंपनी रख लिया था मजदूरों का कागजात : प्राप्त जानकारी के अनुसार संबंधित कंपनी मजदूरों के वेतन में अनुचित कटौती कर रही थी और कई महीनों से उनका भुगतान लंबित था। इतना ही नहीं, कंपनी ने उनके पासपोर्ट और एमिरेट्स आईडी भी अपने कब्जे में रख लिए थे, जिससे वे असहाय स्थिति में फंस गए थे।

भारतीय दूतावास ने दिलाया वेतन : मामला डॉ. इरफान अंसारी के संज्ञान में आने के बाद उन्होंने तत्काल हस्तक्षेप करते हुए दुबई में कार्यरत जैद अहमद अंसारी से संपर्क किया। ज़ैद अहमद अंसारी ने मजदूरों से मुलाकात कर उनकी समस्याओं की जानकारी ली और कंपनी प्रबंधन से सख्त वार्ता की। इसके बाद बकाया वेतन भुगतान और दस्तावेजों की वापसी की प्रक्रिया शुरू कराई गई। पूरे मामले की जानकारी भारतीय दूतावास को भी दी गई। दूतावास के हस्तक्षेप के बाद कंपनी ने मजदूरों के बकाया भुगतान और आवश्यक दस्तावेजों से संबंधित औपचारिकताएं पूरी कीं।

ये मजदूर लौटे स्वदेश : सभी प्रक्रियाएं पूरी होने के बाद 14 प्रवासी मजदूर सुरक्षित स्वदेश लौट आए। स्वदेश लौटने वाले मजदूरों में अजय कुमार, दिलेश्वर महतो, रोहित महतो, सीमा महतो, दिलीप महतो, गंगाधर महतो, टिकली महतो, फूलेंद्र महतो, बैद्यनाथ महतो, राजेश महतो, दीपक महतो, रोशन कुमार, अजय कुमार और बदरी महतो शामिल हैं।