रांची : पश्चिमी सिंहभूम जिले में जंगली हाथियों के आतंक से ग्रामीणों में भय और दहशत का माहौल है। मझगांव प्रखंड की बेनीसागर पंचायत अंतर्गत तिलोकुटी गांव में एक जंगली हाथी ने गांव में घुसकर जमकर उत्पात मचाया। जंगली हाथी के हमले में दो लोगों की दर्दनाक मौत हो गई।
चाईबासाः झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले में शुक्रवार सुबह एक आक्रामक हाथी के हमले में एक नाबालिग सहित दो और लोगों की मौत हो गई। जगन्नाथपुर के अनुमंडल पुलिस अधिकारी (एसडीपीओ) राफेल मुर्मू ने बताया कि पुलिस और वन अधिकारियों के प्रयासों के बावजूद हाथी ओडिशा सीमा के पास मझगांव पुलिस थाना क्षेत्र के तिलोकुट्टी गांव में ही रुका रहा।
उन्होंने बताया कि हाथी के हमले में मारे गए लोगों की पहचान बेनीसागर गांव के 40 वर्षीय प्रकाश मालवा और एक नाबालिग लड़के के रूप में हुई है, जबकि एक अन्य व्यक्ति घायल हो गया है। राफेल मुर्मू ने बताया कि हाथी को बार-बार भगाने की कोशिश करने के बावजूद वह गांव से बाहर नहीं निकल रहा था। उन्होंने कहा कि इलाके में हाथी की मौजूदगी के कारण शवों को तुरंत बरामद नहीं किया जा सका, इसलिए अतिरिक्त बल बुलाया गया है।
एसडीपीओ ने कहा कि वो मौके पर पहुंचने के बाद ही और विस्तृत जानकारी दे पाएंगे। फिलहाल हाथी उसी स्थान पर रुका हुआ है। अधिकारियों ने बताया कि पिछले पखवाड़े में जिले के गोइलकेरा और कोल्हान वन क्षेत्रों में जंगली हाथी के हमलों में करीब 19 लोग मारे गए हैं।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और एक शव को अपने कब्जे में लिया। हालांकि हाथी के गांव के आसपास सक्रिय रहने के कारण दूसरे शव को निकालने और राहत कार्य में भारी कठिनाई हो रही थी। वन विभाग की टीम के मौके पर नहीं पहुंचने से ग्रामीणों में भारी नाराजगी देखी गई। पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है और लोग दहशत में हैं।
