निकाय चुनाव : आज से पूरी तरह थम जाएगा जुलूस-प्रचार और भोपुओं का शोर, 23 को होगा बैलेट पेपर से चुनाव

Jharkhand-Municipal-Election

रांची : झारखंड के 48 नगरीय निकायों में होने वाले चुनाव के तहत सोमवार 23 फरवरी को सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक वोटिंग होगी। इससे पहले चुनाव प्रचार की समय सीमा शनिवार 21 फरवरी की शाम को समाप्त हो जाएगी। यानी इसके बाद चुनाव प्रचार थम जाएगा, हालांकि उम्मीदवार इसके बाद मतदाताओं से व्यक्तिगत रूप से घर-घर पहुंचकर जनसंपर्क कर सकेंगे। उधर धनबाद में इंडिया गठबंधन के दल एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव मैदान में हैं जिससे मुकाबला रोचक होने की उम्मीद है।

सत्ता पक्ष की लोकप्रियता का परीक्षण : झारखंड में 48 नगरीय निकायों के चुनाव 23 फरवरी को होने हैं। इन निकायों में राजधानी रांची, धनबाद, जमशेदपुर, बोकारो और देवघर जैसे बड़े शहरों के नगर निगम भी शामिल हैं। नगरीय निकायों के चुनाव बहुत महत्वपूर्ण हैं। इन चुनावों के नतीजों से इस बात का परीक्षण होगा कि राज्य में झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेतृत्व वाला सत्ताधारी इंडिया गठबंधन जिसमें कांग्रेस सहित कुछ और दल शामिल है, किस स्थिति में है। बीजेपी इस चुनाव में काफी जोर लगा रही है।

सभी प्रमुख दलों के अपने-अपने समर्थित प्रत्याशी : निकाय चुनाव घोषित तौर पर तो गैर दलीय आधार पर हो रहे हैं, लेकिन वास्तव में सभी प्रमुख राजनीतिक दलों की ओर से समर्थित उम्मीदवारों के बीच मुकाबला हो रहा है। उम्मीदवार राजनीतिक दलों के चुनाव चिह्न पर चुनाव नहीं लड़ रहे हैं, बल्कि सभी को अलग चिन्ह आवंटित किए गए हैं। खास तौर पर नगर निगमों की सत्ता पर कब्जा करने के लिए सभी मुख्य पार्टियां जोर लगा रही हैं।

धनबाद में आपस में ही लड़ रहे गठबंधन के दल : धनबाद नगर निगम के चुनाव में राज्य के सत्ताधारी इंडिया गठबंधन में शामिल झारखंड मुक्ति मोर्चा (JMM), कांग्रेस और राष्ट्रीय जनता दल (RJD) ने गठबंधन के संयुक्त उम्मीदवार तय करने के बजाय अपने-अपने उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है। यानी राज्य की सत्ता में शामिल ये सभी दल धनबाद में एक-दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं। ऐसी स्थिति कुछ अन्य निकायों के चुनाव में भी देखी जा रही है।

लंबे अंतराल के बाद निकाय चुनाव : झारखंड के 48 नगर निकायों में नौ नगर निगम, 20 नगर परिषद और 19 नगर पंचायतें शामिल हैं। इन नगरीय निकाय क्षेत्रों में कुल 1087 वार्ड हैं। इन निकायों में से 13 में सन 2020 के बाद चुनाव हो रहे हैं। रांची समेत शेष 35 नगरीय निकायों में पिछली बार सन 2022 में चुनाव हुए थे।

आज शाम को थम जाएगा प्रचार : झारखंड में आज शनिवार की शाम पांच बजे निकाय चुनाव के प्रचार का शोर थम जाएगा। इसके बाद न तो कोई चुनावी सभा होगी न ही जुलूस निकाले जा सकेंगे। हालांकि वोटिंग से पहले के अंतिम दिन में उम्मीदवार वोटरों को आकर्षित करने के लिए पूरा जोर लगाएंगे। वोटिंग 23 फरवरी को सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक होगी। के बाद 27 फरवरी को मतगणना होगी। मतगणना सुबह आठ बजे से शुरू होगी। इसके चार दिन बाद 27 फरवरी को वोटों की गिनती होगी। चुनाव आयोग ने वोटिंग के लिए तैयारियों को अंतिम रूप दे दिया है। शनिवार को मतदान दल अपने-अपने तैनाती स्थल के लिए रवाना होने लगेंगे।

बैलेट पेपर से होंगे चुनाव : नगरीय निकायों के चुनावों की प्रक्रिया 4 फरवरी को शुरू हुई थी। इसी दिन से उम्मीदवारों के नामांकन दाखिले का सिलसिला शुरू हो गया था। नामांकन पत्रों की जांच के बाद 6 फरवरी तक नाम वापसी की प्रक्रिया पूरी हुई। इसके अगले दिन 7 फरवरी को उम्मीदवारों को चुनाव चिन्ह आवंटित कर दिए गए थे। झारखंड के नगर निकाय चुनाव मतपत्र, यानी बैलेट पेपर के जरिए कराए जा रहे हैं। इस चुनाव में मतदाता को नोटा का विकल्प नहीं मिलेगा। यानी वोटर को चुनाव लड़ रहे उम्मीदवारों में से ही किसी एक को वोट देना होगा। झारखंड में पहली बार नगरीय निकायों में अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी), महिलाओं और पिछड़े वर्ग के लिए आरक्षण की व्यवस्था की गई है।