चाईबासा : झारखंड के पश्चिम सिंहभूम जिले स्थित सारंडा वन क्षेत्र में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच जंग तेज हो गई है। पिछले 24 घंटों के भीतर नक्सलियों की ओर से बिछाए गए आईईडी के दो अलग-अलग धमाकों और भीषण मुठभेड़ में अब तक कुल छह जवान घायल हो चुके हैं। वहीं सारंडा के जंगल में एक करोड़ के इनामी नक्सली मिसिर बेसरा को सुरक्षा बलों की ओर से घेर लिए जाने की खबर है।
प्रेशर आईईडी पर पांव पड़ने से धमाका : इस बीच गुरुवार को हुए ब्लास्ट में एक अन्य जवान गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे एयरलिफ्ट कर रांची भेजा गया। जानकारी के अनुसार, सुरक्षाबल के जवान सारंडा के घने जंगलों में नक्सलियों के खिलाफ तलाशी अभियान चला रहे थे। इसी दौरान एक जवान का पैर जमीन के नीचे छिपाकर लगाए गए प्रेशर आईईडी पर पड़ गया। जोरदार धमाके की चपेट में आने से जवान के पैर और शरीर के अन्य हिस्सों में गंभीर चोटें आई हैं। घायल जवान की नाजुक हालत को देखते हुए तत्काल हेलीकॉप्टर की मदद ली गई है। उन्हें रांची के खेलगांव स्थित हेलीपैड पर उतारकर सीधे अस्पताल ले जाया जाएगा।
एक दिन पहले भी आईईडी ब्लास्ट : इससे पहले बुधवार को मनोहरपुर के छोटानगरा थाना क्षेत्र अंतर्गत बलिबा जंगल में सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच करीब साढ़े तीन घंटे तक भीषण मुठभेड़ चली थी। खुफिया सूचना के आधार पर चलाए गए इस अभियान के दौरान हुए आईईडी विस्फोट में कोबरा 205 बटालियन के इंस्पेक्टर सत्य प्रकाश समेत पांच जवान घायल हुए थे। घायलों में शैलेश कुमार दुबे, उत्तम सेनापति, जितेंद्र कुमार राय और प्रेम कुमार शामिल हैं, जिन्हें बुधवार शाम ही एयरलिफ्ट कर रांची शिफ्ट किया गया था।
सुरक्षा एजेंसियों के मुताबिक, यह पूरा इलाका एक करोड़ के इनामी नक्सली नेता मिसिर बेसरा का गढ़ है। बताया जा रहा है कि अब इस क्षेत्र में नक्सलियों की संख्या सिमटकर 50 से भी कम रह गई है, जिसके कारण वे हताशा में सुरक्षाबलों को नुकसान पहुंचाने के लिए आईईडी का जाल बिछा रहे हैं।
सुरक्षाबलों ने लगभग 10 किलोमीटर के क्षेत्र में नक्सलियों को घेर रखा है। इस अभियान में एक करोड़ के इनामी और पोलित ब्यूरो सदस्य मिसिर बेसरा के मौजूद होने की संभावना जताई जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि देर रात तक रुक-रुक कर फायरिंग जारी रही और नक्सलियों को भी नुकसान पहुंचने की खबर है, लेकिन इसकी आधिकारिक पुष्टि ऑपरेशन खत्म होने के बाद ही हो सकेगी। सुरक्षाबल लगातार जंगल के भीतर आगे बढ़ते हुए कुख्यात नक्सली कमांडर मिसिर बेसरा के दस्ते की घेराबंदी किए हुए हैं।
