Weather@Updates : आज झारखंड-बिहार में तेज रफ़्तार से आंधी-बारिश का अलर्ट, कल 27 की गई जान

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रांची/पटना : देश के बड़े हिस्से में आंधी-बारिश का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। मौसम विभाग (IMD) की ताजा भविष्यवाणी ने आम जनजीवन की चिंताएं बढ़ा दी हैं। 5 मई को उत्तर भारत से लेकर दक्षिण और पूर्वोत्तर के 17 राज्यों में मौसम का मिजाज बिगड़ने वाला है। विभाग के अनुसार, इन क्षेत्रों में न केवल मूसलाधार बारिश होगी, बल्कि 70 से 75 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चलने वाली विनाशकारी हवाएं भारी नुकसान पहुंचा सकती हैं। पूर्वी राज्यों में बिजली गिरने (वज्रपात) की प्रबल संभावना जताई गई है, जो जान-माल के लिए बड़ा खतरा साबित हो सकती है। प्रशासन ने लोगों को बेवजह घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है।

झारखंड में भारी बारिश अलर्ट : झारखंड के कई हिस्सों में मानसून से पहले की बारिश आफत बनकर बरस रही है। गिरिडीह, दुमका, देवघर और धनबाद जैसे जिलों में भारी बारिश का ‘ऑरेंज अलर्ट’ है। राजधानी रांची में तापमान में गिरावट दर्ज की जाएगी, जहां अधिकतम तापमान 29 डिग्री रहने की संभावना है। यहां 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं, जिससे गर्मी से राहत तो मिलेगी लेकिन जनजीवन प्रभावित होगा।

रांची में सोमवार की शाम को करीब दो से तीन घंटे जमकर झमाझम बारिश हुई। वज्रपात भी हुआ। बारिश होने से रांची के तापमान में गिरावट हुई, जिससे लोगों को गर्मी से राहत मिली। रांची का अधिकतम तापमान 34.4 और न्यूनतम 19.8 डिग्री सेल्सिक्स तक दर्ज किया गया है। 10 मई तक येलो अलर्ट जारी किया गया है। बारिश के दौरान लगातार मेघ गर्जन हो रहे थे, जिसके कारण रांची के ग्रिड और सभी फीडरों से सुरक्षात्मक कारणों से बिजली बंद कर दो गई। करीब दो से तीन घंटे बारिश के दौरान कई इलाकों में बिजली कटी रही।

17 राज्यों में ‘महासंकट’ : मौसम विभाग ने जिन 17 राज्यों के लिए अलर्ट जारी किया है, उनमें उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, हरियाणा, राजस्थान और पंजाब जैसे प्रमुख राज्य शामिल हैं। इसके अलावा उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर जैसे पहाड़ी क्षेत्रों में भी स्थिति गंभीर रह सकती है। दक्षिण में तमिलनाडु और केरल, जबकि पूर्वोत्तर में असम, मेघालय, त्रिपुरा और नागालैंड में भी मध्यम से भारी बारिश का अनुमान है।
 
बिहार में मौसम का मिजाज : बिहार में 5 मई को मौसम जानलेवा साबित हो सकता है। अररिया, भागलपुर, पूर्णिया और पश्चिमी चंपारण समेत कई जिलों में बारिश की चेतावनी दी गई है। सबसे ज्यादा प्रभावित जिलों में पटना, रोहतास, कैमूर, गया, दरभंगा, मधुबनी और कटिहार भी शामिल है। राजधानी पटना का अधिकतम तापमान 32 डिग्री और न्यूनतम 24 डिग्री रहने का अनुमान। हल्की से मध्यम बारिश के साथ तेज हवाओं का दौर जारी रहेगा।

पटना सहित राज्य भर में सोमवार की शाम तेज आंधी-पानी से जनजीवन पर असर पड़ा। मौसम में आए बदलाव की वजह से लगभग एक घंटे तक आंधी पानी के बीच लोग जहां तहां फंसे रहे। साठ से सत्तर किमी प्रतिघंटे की रफ्तार से चली आंधी के बीच घने काले बादलों के छाने से शाम चार बजे ही सड़कों पर अंधेरा पसर गया। मौसम विभाग ने राज्य भर में भीषण वज्रपात का तात्कालिक अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के मुताबिक, अभी एक दो दिन राज्य में बादलों की सक्रियता बनी रहेगी। पटना सहित राज्य भर में अगले दो दिन में गरज तड़क के साथ बारिश संभावित है।

बिहार में काल बैसाखी के सक्रिय होने से सोमवार की दोपहर बाद तेज आंधी-बारिश ने भारी तबाही मचाई। राज्य भर में 27 लोगों की जान चली गई। वज्रपात से आठ बच्चों समेत 18 की मौत हुई, जबकि आठ लोगों की दीवार या पेड़ गिरने से दबकर जान गई। बाढ़ में भी दीवार गिरने से दो लोगों की मौत हुई है। गया जिले में सात लोगों की मौत हुई, जिनमें तीन बच्चे हैं। शेरघाटी में आम चुनने गए तीन बच्चों पर आकाशीय बिजली गिरी। गुरारू के धानु बीघा, गुरुआ के बुधुआचक और वजीरगंज में किसान ठनका की चपेट में आए। औरंगाबाद जिले में दो बच्चों समेत चार की, पूर्वी चंपारण में ठनका गिरने से दो बच्चियों समेत तीन की मौत हो गई।

पूर्वी राज्यों के लिए विशेष निर्देश : मौसम वैज्ञानिकों ने पहाड़ी राज्यों के निवासियों को भूस्खलन और अचानक आने वाले मलबे के प्रति आगाह किया है। वहीं, पूर्वी भारत में वज्रपात एक गंभीर चुनौती बना हुआ है।

  • 75 किमी/घंटा की रफ्तार से चल सकती है आंधी।
  • ऊंचाई वाले क्षेत्रों में पर्यटकों को यात्रा टालने की सलाह।
  • कच्चे मकानों और बिजली के खंभों से दूर रहने के निर्देश।
  • पश्चिम बंगाल और ओडिशा के तटीय क्षेत्रों में भी अलर्ट।