झारखंड : राज्यसभा चुनाव में NDA समर्थित नथवाणी ने कहा- जो पसंद करेंगे, वोट देंगे

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रांची : राज्यसभा चुनाव में बीजेपी समर्थित निर्दलीय प्रत्याशी परिमल नाथवानी के सामने दोहरी चुनौतियां हैं। परिमल नाथवानी के लिए बीजेपी के 21 विधायकों के अलावा जदयू, लोजपा-आर और आजसू पार्टी के एक-एक विधायकों को एकजुट रखने की चुनौती है। इसके अलावा सत्ता पक्ष में सेंध लगाकर कम से कम चार वोट हासिल करने की चुनौती होगी।

हर विधायक से संपर्क करने की कोशिश : परिमल नाथवानी ने सोमवार को दिन भर व्यक्तिगत रूप से और अपने संपर्क के माध्यम से एक-एक विधायकों से संपर्क करने के प्रयास में जुटे रहे। शाम में वो रांची स्थित बीजेपी कार्यालय में आयोजित एनडीए विधायकों की बैठक में हिस्स लेने पहुंचे।

जो पसंद करेंगे, वोट देंगे-नाथवानी : परिमल नाथवानी ने कहा कि वो सभी से मिल चुके हैं, जो उन्हें पसंद करेंगे, वो उन्हें वोट करेंगे। एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि वो दो बार झारखंड के राज्यसभा सांसद रह चुके हैं, झारखंड की समस्याओं के वो अवगत है। इस बार और वो बेहतर काम करेंगे।

नाथवानी की सक्रियता के कांग्रेस खेमे की बेचैनी बढ़ी : राजनीतिक गलियारों में चर्चा है कि परिमल नाथवानी की सक्रियता के कांग्रेस खेमे की बेचैनी बढ़ गई है। यही कारण है कि कांग्रेस प्रत्याशी की जीत तय करने के लिए एआईसीसी के कई पदाधिकारी भी लगातार रांची में कैंप कर रहे। कांग्रेस के कई नेता भी बातचीत में मानते है कि जेएमएम विधायकों की संख्या 34 है, इसलिए जेएमएम प्रत्याशी बैजनाथ राम के लिए ज्यादा मुश्किल नहीं खड़ी होगी। लेकिन कांग्रेस को पार्टी के 16 विधायकों के अलावा जेएमएम के 28 के बाद शेष बचे 6 वोट के अलावा राजद के चार और भाकपा-माले के दो विधायकों का भी समर्थन हासिल करना बड़ी चुनौती है।

नाथवानी के लिए चुनावी गणित आसान नहीं : उधर, परिमल नाथवानी के लिए भी एनडीए के 24 वोटो के अलावा चार अन्य विधायकों का समर्थन हासिल करना भी आसान नहीं है। लेकिन नाथवानी इस मौके को हाथ से जाने देना नहीं चाहते। इस कारण वो भी इन दिनों रांची में ही कैंप कर रहे हैं। परिमल नाथवानी के चुनावी रणनीतिकार प्रथम वरीयता के साथ दूसरी वरीयता का वोट हासिल करने के लिए भी इंडिया खेमे के विधायकों से लगातार संपर्क में हैं।

एनडीए के एकजुट रहने का दावा : राजनीतिक सरगर्मी के बीच रांची स्थित भाजपा प्रदेश कार्यालय में सोमवार शाम को एनडीए विधायक दल की एक महत्वपूर्ण बैठक संपन्न हुई। इस बैठक की अध्यक्षता प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने की। बैठक के बाद मुख्य सचेतक नवीन जायसवाल ने दावा किया एनडीए घटक दल के सभी विधायक पूरी तरह एकजुट हैं और अपने प्रत्याशी परिमल नाथवानी के साथ मजबूती से खड़े हैं। उन्होंने कहा कि एनडीए समर्थित परिमल नाथवानी की जीत निश्चित ही नहीं बल्कि पूरी तरह सुनिश्चित है। उन्होंने बताया कि कई विधायक नए भी हैं इसलिए कैसे मतदान करना है, कितने बजे जाना है, इस पर भी चर्चा हुई।

कई विधायकों ने बैठक में शामिल नहीं हो पाने की सूचना दी थी : नवीन जायसवाल ने कहा कि भाजपा के जो विधायक आज की बैठक में शामिल नहीं हो पाए थे, उन्होंने पार्टी को पूर्व में ही इसकी सूचना दे दी थी। वे सभी विधायक किसी अति आवश्यक कार्य से ही अनुपस्थित हैं। इसमें विपक्ष को ज्यादा खुशफहमी पालने की जरूरत नहीं है। जिनके घर शीशे के होते हैं, चिंता उन्हें ही ज्यादा होती है, यही हाल विपक्ष का है। कांग्रेस अपनी निश्चित हार को लेकर अभी से ही छटपटाहट और हताशा में है।

नाथवानी के लिए सभी 81 विधायक वोटर : एक सवाल जवाब में मुख्य सचेतक ने कहा कि परिमल नाथवानी निर्दलीय प्रत्याशी हैं, सभी 81 विधायक उनके लिए वोटर हैं। सभी दल से वे संपर्क कर रहे हैं। उनके काम पर सभी को भरोसा है। पहले भी दो बार सांसद रह चुके हैं। 18 तारीख को सभी विधायक अपने स्वविवेक से एवं अंतरात्मा की आवाज पर वोट करेंगे और परिमल नाथवानी तीसरी बार विजय हासिल करेंगे।

एनडीए के 24 में से 16 विधायक ही बैठक में पहुंचे : बैठक में आदित्य साहू के अलावा नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, छत्तीसगढ़ के उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा, आजसू पार्टी के केंद्रीय अध्यक्ष सुदेश महतो और लोजपा-आर के प्रदेश अध्यक्ष बीरेन्द्र प्रधान मौजूद थे। बैठक में एनडीए के 24 में से 16 विधायक ही पहुंचे, जिसमें भाजपा विधायक सीपी सिंह, नवीन जायसवाल, नागेंद्र महतो, शशि भूषण मेहता, मनोज यादव, सत्येंद्र नाथ तिवारी, नीरा यादव, राज सिन्हा, अमित यादव, देवेंद्र कुंवर, रोशन लाल चौधरी, प्रदीप प्रसाद, मंजू कुमारी , कुमार उज्जवल, लोजपा-आर विधायक जनार्दन पासवान, आजसू पार्टी विधायक निर्मल महतो उर्फ तिवारी महतो उपस्थित थे।