CWG 2026 Day 5 : भारत को एक और स्वर्ण पदक, कुल 10 मेडल के साथ तालिका में 8वां स्थान

CWC-India

नई दिल्ली : छठे दिन ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेल 2026 की पदक तालिका में भारत आठवें नंबर पर पहुंच गया है। दो स्वर्ण, पांच रजत और तीन कांस्य पदकों के साथ भारत कुल 10 पदकों के साथ अपने अभियान में आगे बढ़ रहा है। पदक तालिका में शीर्ष पर 26 स्वर्ण पदकों के साथ कुल 59 मेडल जीतने वाला देश ऑस्ट्रेलिया है।

उभरते हुए युवा खिलाड़ी अंकुश भी पुरुषों के 80 किलोग्राम वर्ग की प्रतियोगिता के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए हैं। हरियाणा के 20 वर्षीय मुक्केबाज अंकुश अपने पहले ही राष्ट्रमंडस खेलों में पदक से सिर्फ एक जीत दूर हैं। पूर्व विश्व युवा और जूनियर चैंपियन साक्षी भी 51 किलोग्राम वर्ग के क्वार्टर फाइनल में  जगह बनाई। बुधवार को अंतिम आठ में उनका मुकाबला उत्तरी आयरलैंड की कैटलिन फ्रायर्स से होगा।

एक अन्य भारतीय मुक्केबाज सुमित ने पुरुषों के 70 किलोग्राम भारवर्ग के राउंड ऑफ 16 मुकाबले में उत्तरी आयरलैंड के प्रतिद्वंद्वी जॉन मैककोनेल का मजबूती से मुकाबला किया। आक्रामक तरीके से पहले दौर की शुरुआत में 3-2 की बढ़त बनाने वाले सुमित के खिलाफ मैककोनेल ने अगले राउंड में जोरदार वापसी की। उन्हें काउंटबैक नियम के जरिए 1-4 के विभाजित निर्णय से विजेता घोषित किया गया।

पैरा तैराक स्वातिक पाटिल ने राष्ट्रमंडल खेलों में पुरुषों की 100 मीटर ब्रेस्टस्ट्रोक एसबी9 स्पर्धा में पांचवां स्थान हासिल किया। मुक्केबाजी प्रतियोगिता में भारतीय तिकड़ी सचिन सिवाच, अंकुश और साक्षी चौधरी अपने-अपने वर्ग के क्वार्टर फाइनल में पहुंच गए।

पूर्व विश्व युवा चैंपियन सचिन ने संयमित प्रदर्शन करते हुए पुरुषों के 60 किलोग्राम वर्ग में इंग्लैंड के विलियम हेविट को 4-1 से हराया। इस जीत के साथ सचिन चैंपियनशिप पदक से सिर्फ एक जीत दूर हैं। क्वार्टर फाइनल में उनका मुकाबला बोत्सवाना के ट्रेजर मोरेमी से होगा।

शर्मिला धनकर ने महिलाओं के शॉट पुट एफ57 स्पर्धा में 9.81 मीटर गोला फेंका। ये उनका सीजन का सर्वश्रेष्ठ थ्रो रहा। इस शानदार प्रदर्शन की बदौलत शर्मिला धनखड़ ने पैरा शॉट पुट में स्वर्ण पदक जीतने में सफलता हासिल की। गौरतलब है कि कॉमनवेल्थ गेम्स में एफ57 वर्गीकरण उन एथलीट्स के लिए है जिनके निचले अंगों में विकार होता है। ऐसे खिलाड़ियों में अंगों की कमी या मांसपेशियों की शक्ति में कमी होती है।

इसी स्पर्धा में भारत की तरफ से विरोध दर्ज कराए जाने के बाद एक अन्य भारतीय एथलीट शिल्पा शायला को भी महिला शॉट पुट एफ57 स्पर्धा में कांस्य पदक से सम्मानित किया गया।

ग्लासगो कॉमनवेल्थ गेम्स के पांचवें दिन (भारतीय समयानुसार 27-28 जुलाई) भारतीय भारोत्तोलक वल्लूरी अजय बाबू ने पुरुषों के 79 किलोग्राम वर्ग में रजत पदक जीता। सर्वेश कुशारे राष्ट्रमंडल खेलों में पुरुषों की ऊंची कूद स्पर्धा में रजत पदक जीतने वाले पहले भारतीय बने। उन्होंने 2.25 मीटर की छलांग लगाकर रजत पदक जीता, जबकि जमैका के रोमेन बेकफोर्ड ने स्वर्ण पदक हासिल किया। राष्ट्रीय रिकॉर्ड धारक सर्वेश ने इस स्पर्धा का रजत पदक जीतने वाले पहले भारतीय बनकर इतिहास रच दिया।

आदर्श राम ज्योति शंकर ने ऊंची कूद स्पर्धा के दौरान अपने पहले ही प्रयास में आसानी से 2.15 मीटर की ऊंचाई पार कर ली। आदर्श आज जबरदस्त फॉर्म में दिख रहे हैं। ग्लासगो की भीड़ में मौजूद समर्थक भी उनके पक्ष में चीयर कर रहे हैं। तेजस्विन शंकर, ने भले ही आज के इस इवेंट से अपना नाम वापस ले लिया, बीच में मौजूद हैं। वे आदर्श और सर्वेश का हौसला बढ़ा रहे हैं।

वेटलिफ्टिंग में पुरुषों के 79 किलो भारवर्ग फाइनल में भारत के वल्लुरी अजय बाबू ने गेम्स रिकॉर्ड के साथ स्पर्धा की शुरुआत की। वल्लुरी अजय बाबू ने शानदार शुरुआत करते हुए अपनी पहली कोशिश में स्नैच में 145kg वजन उठाया और यह एक गेम्स रिकॉर्ड है। यह है और अजय बाबू गोल्ड जीतने की स्थिति में हैं।

तैराकी की स्पर्धा में ऑस्ट्रेलिया का दबदबा दिखा। भारत के आर्यन नेहरा 8 लोगों के फाइनल में 7वें स्थान पर रहे। 22 वर्षीय आर्यन नेहरा का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा। 8:07.26 सेकंड समय के साथ पुरुषों की 800 मीटर फ्री-स्टाइल में सातवें नंबर पर रहे आर्यन ऑस्ट्रेलिया के सैम शॉर्ट से 27.45 सेकंड धीमे रहे। सबसे तेज सैम शॉर्ट ने इस स्पर्धा का गोल्ड मेडल जीता। ऑस्ट्रेलिया के ही दो अन्य खिलाड़ी- बेंजामिन डोडेमैन्स और मैथ्यू गैलिया ने सिल्वर और ब्रॉन्ज मेडल जीते।

ऊंची कूद स्पर्धा में भारत के खिलाड़ी सर्वेश ने पहली कोशिश में 2.10 मीटर पार किया। एक अन्य भारतीय सर्वेश कुशारे के साथ वे संयुक्त रूप से बढ़त बनाए हुए हैं। सर्वेश अपने साथी भारतीय- आदर्श शंकर के साथ शीर्ष स्थान पर हैं। सर्वेश कूद के दौरान थोड़े लड़खड़ाते दिखे, लेकिन  लैंडिंग एरिया के पास पहुंचते समय लड़खड़ाने के बावजूद उन्होंने अपने पूरे अनुभव का इस्तेमाल करते हुए 2.10 मीटर पार कर अच्छी जंप लगाई।

भारत की शिल्पा कंचुगाराकोप्पलु महिलाओं के F57 शॉट पुट फाइनल में गोल्ड मेडल जीतने की स्थिति में पहुंच गई हैं। उन्होंने इस गोला फेंक स्पर्धा में 7.26 मीटर के पर्सनल-बेस्ट थ्रो के साथ बढ़त बना रखी है। छह प्रयास पूरे होने के बाद, भारतीय खिलाड़ी कनाडा की क्रिस्टेल रोबिचौड (6.69 मीटर) से भी आगे हैं।