रांची/धनबाद : मिडिल ईस्ट में बढ़ते तनाव और अंतरराष्ट्रीय अस्थिरता का असर अब झारखंड के रसोई घरों तक पहुंचने लगा है। तेल कंपनियों ने घरेलू एलपीजी की निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए राज्य में 19 किलो वाले कमर्शियल सिलेंडरों की सप्लाई पर अस्थायी और अघोषित रोक लगा दी है। इसके साथ ही पैनिक बुकिंग को रोकने के लिए अब दो सिलेंडरों के बीच 25 दिनों का अनिवार्य अंतराल लागू कर दिया गया है।
राजधानी रांची में घरेलू एलपीजी सिलेंडरों की आपूर्ति में आ रही बाधा और गैस एजेंसियों के बाहर लग रही उपभोक्ताओं की लंबी कतारों को देखते हुए जिला प्रशासन भी एक्शन मोड में आ गया है। उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री के निर्देश पर एसडीओ कुमार रजत ने पेट्रोलियम कंपनियों के क्षेत्रीय प्रबंधकों के साथ ऑनलाइन बैठक की। इस बैठक में वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाने और कालाबाजारी रोकने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए हैं।
गैस सिलेंडर की दो बुकिंग में 25 दिनों का गैप : रांची और धनबाद जिला प्रशासन ने निर्णय लिया है कि अब गैस की दो बुकिंग के बीच कम से कम 25 दिनों का अंतराल होना अनिवार्य होगा। ताकि गैस सिलेंडरों की जमाखोरी न हो। साथ ही, कंपनियों को निर्देश दिया गया है कि बुकिंग के दो से तीन दिनों के भीतर हर हाल में होम डिलीवरी सुनिश्चित की जाए। छोटे उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए 5 किलो और 2 किलो के सिलेंडर बिना प्री-बुकिंग के आसानी से उपलब्ध कराए जाएंगे।
कालाबाजारी करने वालों पर गिरेगी गाज : एसडीओ कुमार रजत ने सख्त लहजे में चेतावनी दी है कि जिला प्रशासन गैस वितरण की कड़ी मॉनिटरिंग कर रहा है। अगर कोई गैस वितरक या एजेंसी कालाबाजारी में लिप्त पाई जाती है, तो उसके खिलाफ तत्काल कानूनी कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन का लक्ष्य है कि अंतरराष्ट्रीय बाजार की किल्लत का बहाना बनाकर स्थानीय स्तर पर अवैध वसूली न हो।
इधर होटल, रेस्टोरेंट ओनर ब्लैक में सिलेंडर मिलने की बात कर रहे हैं। रेस्टोरेंट ओनर ने बताया कि ब्लैक मार्केट में कमर्शियल सिलेंडर अब 2600 रुपये में दे रहे हैं।
रसोई गैस की कीमतों में 60 रुपये का उछाल : धनबाद में रसोई गैस की कीमतों में भारी बढ़ोतरी की गई है। 7 मार्च 2026 से लागू नई दरों के अनुसार, जो सिलेंडर पहले 910 रुपये में मिलता था, अब उसकी कीमत 970 रुपये हो गई है। यानी प्रति सिलेंडर सीधे 60 रुपये का इजाफा हुआ है।
