भागलपुर : बिहार कांग्रेस के बड़े ओबीसी नेता प्रवीण कुशवाहा का सड़क हादसे में शुक्रवार को निधन हो गया। एआईसीसी के सदस्य रहे प्रवीण कुशवाहा भागलपुर के कांग्रेस जिलाध्यक्ष थे। कांग्रेस पार्टी ने 2025 में उन्हें भागलपुर के कहलगांव सीट और 2020 में पटना साहिब सीट से उम्मीदवार बनाया था, हालांकि वो दोनों ही चुनाव हार गये थे।
कन्नौज के पास हुआ हादसा : जानकारी के अनुसार, प्रवीण सिंह कुशवाहा दिल्ली से सड़क मार्ग के जरिए भागलपुर लौट रहे थे। इसी दौरान उत्तर प्रदेश के कन्नौज के समीप उनकी गाड़ी हादसे का शिकार हो गई। हादसा इतना भीषण था कि मौके पर ही उनकी हालत गंभीर हो गई। बताया जा रहा है कि दुर्घटना में उनके दोनों हाथ और छाती की हड्डी में गंभीर चोट आई थी। इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। वो एक शादी समारोह में लौट रहे थे।
राजेश राम ने गहरा शोक व्यक्त किया : प्रवीण सिंह कुशवाहा के असामयिक निधन पर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राजेश राम ने गहरा शोक व्यक्त किया है और उनके निधन को पार्टी के लिए बड़ी क्षति बताया है। उन्होंने कहा कि लगातार राजनीतिक और सामाजिक जीवन में सक्रिय रहने वाले जिंदादिल इंसान थे और उन्होंने पार्टी की मजबूती के लिए लगातार सक्रियता बनाए रखी। उनका जाना पार्टी और संगठन के लिए अपूरणीय क्षति है। वे एक समर्पित, कर्मठ और जनसेवा के प्रति सदैव प्रतिबद्ध नेता थे।
उन्होंने कहा कि प्रवीण सिंह कुशवाहा हमारे संगठन सृजन कार्यक्रम के संयोजक भी थे। उनके निधन से चल रहे संगठन सृजन कार्यक्रम पर बहुत असर पड़ेगा।
कांग्रेस नेताओं ने दुःख जताया : वरिष्ठ कांग्रेस नेता प्रवीण सिंह कुशवाहा के निधन पर बिहार विधान परिषद में दल के नेता डॉ मदन मोहन झा और पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राज्यसभा सांसद डॉ अखिलेश प्रसाद सिंह ने गहरा संवेदना व्यक्त किया और कहा कि पार्टी के हित में सदैव सोचने वाले नेता के रूप में प्रवीण सिंह कुशवाहा की ख्याति रही है। व्यक्तिगत तौर पर उनके निधन से मर्माहत हैं। वें पार्टी के बेहतरी के लिए हमेशा सक्रिय रहने वाले नेता थे।
